जमरगी-डी में जंगली पत्थर बना था मौत का कारण, कार्रवाई के नाम पर सन्नाटा! ट्रैक्टर और मालिक पर वन विभाग नें नहीं की कार्यवाही उठे गंभीर सवाल….

धरमजयगढ़ क्षेत्र में जंगली पत्थर से जुड़े दर्दनाक हादसे में 12 अप्रैल को जमरगी-डी के पास एक मजदूर की जान चली गई थी । जिसपर अबतक क्या कार्यवाही हुई समझ से परे हैं। जंगल के पत्थर लोड कर ट्रैक्टर वाहन जा रहा था और अनियंत्रित होकर पलट गया जिससे एक व्यक्ति की जान चली गई और उसपर अब तक वन विभाग कोई कार्यवाही नहीं किया हैं। ऐसे मामलों पर वन विभाग को तत्काल ट्रैक्टर और ट्रैक्टर मालिक के ऊपर कार्यवाही की जानी चाइए थी क्युकी पत्थर अवैध और जंगल का था। लेकिन अब तक किसी जिम्मेदार पर ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही है।

आखिर किसका संरक्षण.कार्यवाही करने से क्यों हाथ पैर फूल रहें?
स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से पत्थर का अवैध उत्खनन और परिवहन होता रहा है। सवाल यह उठ रहा है कि यदि यह गतिविधियां नियमों के विरुद्ध थीं तो संबंधित विभागों ने समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं की? हादसे के बाद भी यदि जिम्मेदारों पर शिकंजा नहीं कसता है तो इससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होना स्वाभाविक है। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों के बीच अब एक ही चर्चा है—जब एक व्यक्ति की जान जा चुकी है तो कार्रवाई में देरी क्यों?





