धरमजयगढ़ में दुकान के बाहर जमीन पर रेंगते दिखे शराबी,धरमजयगढ़ की सड़कों पर गिरा मिला युवाओं का भविष्य।

धरमजयगढ़ | नगर के शराब दुकान के आसपास इन दिनों नशे का ऐसा तांडव देखने को मिल रहा है, जिसे देखकर सभ्य समाज का सिर शर्म से झुक जाए। शराब के ठेके के बाहर का नजारा किसी ‘ओपन बार’ से कम नहीं रह गया है। शराब दुकान के बाहर दो अलग-अलग स्थानों पर चार युवक नशे की अत्यधिक हालत में जमीन पर बेसुध पड़े मिले।
सड़क किनारे बिछी ‘नशे की चादर’

धरमजयगढ़ स्थित शराब दुकान के कुछ ही दूरी पर नशे का आलम इस कदर दिखा कि चार व्यक्ति पूरी तरह अपनी सुध-बुध खो चुके थे। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि 3 युवक दुकान के सामने ही पड़े थे और एक अन्य व्यक्ति बगल की झाड़ियों के पास कापू मुख्य मार्ग की जमीन पर लथपथ पड़ा था । अंधेरा और धूल के बीच घंटों पड़े रहने के बावजूद उन्हें उठाने वाला कोई नहीं था। शराब के इस जानलेवा शौक ने उन्हें इस कदर जकड़ा है कि वे सड़कों को ही अपना बिछौना मान बैठे हैं।
आम जनमानस में बढ़ता आक्रोश
शराब दुकान के बाहर पसरी इस गंदगी और अराजकता से स्थानीय नागरिकों में भारी आक्रोश है। राहगीरों का कहना है कि दुकान के आसपास से गुजरना अब दूभर हो गया है। महिलाओं और स्कूली बच्चों को इन रास्तों से गुजरते समय डर और शर्मिंदगी महसूस होती है। आरोप है कि दुकान के पास चखना केंद्रों की वजह से लोग वहीं बैठकर शराब पीते हैं और फिर वहीं गिर जाते हैं। मुख्य मार्ग पर इस तरह नशेड़ियों के पड़े रहने से दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
“यह केवल नशे का मामला नहीं है, बल्कि सामाजिक पतन की तस्वीर है। अगर प्रशासन ने समय रहते इन सार्वजनिक स्थानों पर सख्ती नहीं दिखाई, तो क्षेत्र का माहौल पूरी तरह दूषित हो जाएगा।




