गौवंश तस्करी और अवैध शराब, मादक पदार्थों के विरुद्ध देखने कों मिलेगी जबरदस्त कार्यवाही

*ऑपरेशन शंखनादके तहत गौवंश तस्करी और “ऑपरेशन आघात” में अवैध शराब और मादक पदार्थों के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई करने कहा गया*
रायगढ़ एसपी शशि मोहन सिंह द्वारा आज पुलिस कंट्रोल रूम में जिले के सभी पुलिस राजपत्रित अधिकारियों, थाना/चौकी प्रभारियों और शाखा प्रमुखों की अपराध समीक्षा बैठक ली गई। बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने निर्देशित किया अपराध जैसे मारपीट, जुआ-सट्टा एवं आबकारी से संबंधित मामलों का सात दिवस के भीतर निकाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, जिससे लंबित प्रकरणों की संख्या नियंत्रित रहे।
*किसी भी कारण से लंबित ना रहें अपराध*
उन्होंने यह भी कहा कि मेडिकल रिपोर्ट, शराब मुलाहिजा रिपोर्ट या पटवारी नक्शा जैसे कारणों से अपराध लंबित न रहें, इसके लिए संबंधित अधिकारी समन्वय स्थापित कर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करें।
धरमजयगढ़ में भी हुई गौवंश तस्करी पर कार्यवाही
ऑपरेशन शंखनाद के तहत रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 24 नग गौवंश तस्करों से मुक्त*🚨 *जोबी पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर 10 नग गौवंश, पिकअप वाहन और मोटरसाइकिल जप्त की*🚨 *धरमजयगढ़ क्षेत्र में जागरूक नागरिकों और पुलिस की तत्परता से 14 गौवंश को बुचड़खाने ले जाने से बचाया गया*
14 फरवरी 2026 की रात्रि गश्त के दौरान पुलिस चौकी जोबी को सूचना प्राप्त हुई कि एक व्यक्ति मोटरसाइकिल से पायलेटिंग करते हुए मवेशी तस्करों के साथ उनके पिकअप वाहन में मवेशियों को क्रूरतापूर्वक लादकर ले जा रहा है। पिकअप वाहन क्रमांक JH 07 M 0203 को रोककर जांच करने पर आरोपियों के कब्जे से पिकअप 10 नग गौवंश कीमत 2.55 लाख रुपये पाया गया
*धरमजयगढ़ पुलिस की कार्रवाई*
ग्राम कोन्ध्रा में मवेशी तस्कर पकड़े जाने के डर गौवंश को छोड़ भागे, 14 नग गौवंश सुरक्षित* इसी तरह धरमजयगढ़ क्षेत्र में जागरूक नागरिकों और पुलिस की तत्परता से 14 नग गौवंश को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया गया। पुलिस को सूचना मिली थी कि ग्राम कोन्ध्रा जंगल क्षेत्र में कुछ तस्कर गौवंश को मारते-पीटते हुए बुचड़खाने ले जा रहे हैं। सूचना पर एएसआई गंगाराम भगत के नेतृत्व में पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची, जहां सूचना देने वाले मिलन बाला निवासी दुर्गापुर कॉलोनी धरमजयगढ़ एवं अन्य ग्रामीणों ने बताया कि तीन अज्ञात तस्कर गौवंश को लेकर जा रहे थे, जिन्हें देख पूछताछ करने पर वे मौके से फरार हो गए। पुलिस द्वारा मौके से 14 नग गौवंश को सुरक्षित जप्त कर पशु चिकित्सक से उनका परीक्षण कराया गया तथा उनके चारा-पानी की व्यवस्था की गई। इस मामले में *अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत अपराध दर्ज* कर उनकी तलाश की जा रही है।




