धरमजयगढ़ के नरकालो में जल जीवन मिशन कार्यक्रम, अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल संरक्षण और योजना की जानकारी दी

धरमजयगढ़ | धरमजयगढ़ विकासखंड के ग्राम नरकालो में बुधवार 11 मार्च को जल जीवन मिशन के अंतर्गत विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल के महत्व, जल संरक्षण और नल-जल योजना के सही उपयोग के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
*ग्रामीणों को जल संरक्षण का दिया संदेश*
कार्यक्रम में अधिकारियों ने बताया कि पानी हमारे जीवन का सबसे महत्वपूर्ण संसाधन है और इसके बिना जीवन संभव नहीं है। पहले गांवों में लोगों को दूर-दूर से पानी लाना पड़ता था, लेकिन अब जल जीवन मिशन के माध्यम से घर-घर तक नल कनेक्शन के जरिए स्वच्छ पेयजल पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि पानी का उपयोग सोच-समझकर करें और इसकी बर्बादी रोकें।

*नल-जल योजना और पाइपलाइन रखरखाव की जानकारी*
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को नल-जल योजना की पूरी जानकारी दी गई। साथ ही पाइपलाइन में लीकेज की पहचान और उसकी समय पर मरम्मत के बारे में भी बताया गया। अधिकारियों ने कहा कि यदि कहीं पाइपलाइन में लीकेज दिखाई दे या पानी का दबाव कम हो जाए तो तुरंत ग्राम पंचायत या संबंधित कर्मचारियों को इसकी सूचना दें, ताकि समय रहते समस्या का समाधान किया जा सके।
*युवाओं को प्रशिक्षण और सम्मान की जानकारी*
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि गांव के युवाओं को नल-जल मित्र / प्लंबर के रूप में प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे पाइपलाइन मरम्मत, लीकेज पहचान और योजना के रखरखाव से जुड़ी तकनीकी जानकारी प्राप्त कर सकें। इससे युवाओं को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे और गांव में तकनीकी सहायता भी उपलब्ध होगी।

*अधिकारी रहे उपस्थित*
कार्यक्रम में SDO गुलाब सिंह चौहान, दुर्गेश मिरि और मनीष राठौर जिला समन्वयक और उप अभियंता जयचंद भगत सहित अन्य अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल संरक्षण, जल जीवन मिशन योजना और उसके लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अधिकारियों ने ग्रामीणों से जल बचाने और योजना का सही उपयोग करने का संकल्प लेने की अपील भी की।

*जल संरक्षण का लिया संकल्प*
कार्यक्रम के अंत में सभी ग्रामीणों ने मिलकर जल संरक्षण का संकल्प लिया और यह संदेश दिया कि “जल है तो कल है – हर बूंद की कीमत समझें और पानी की बर्बादी रोकें।”





