अस्पताल में रूपये की मांग,मेडिकल रिपोर्ट के नाम पर रिश्वतखोरी! 4th क्लास की बच्ची के मामले में 2000 रुपये की मांग…?

एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक 4वीं कक्षा की बच्ची के मेडिकल रिपोर्ट बनाने के लिए परिजनों से 2000 रुपये की मांग की गई। जानकारी के अनुसार, बच्ची को चोट लगने के बाद उसके परिजन अस्पताल पहुंचे थे, ताकि मेडिकल रिपोर्ट बनवाकर स्कूल से छुट्टी ले सकें। बताया जा रहा है कि 20 दिन की छुट्टी के लिए प्रति दिन 100 रुपये के हिसाब से कुल 2000 रुपये की मांग की गई। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल के कर्मचारियों ने पहले कागज तैयार कर दिए और डॉक्टर से साइन भी करवा लिया, लेकिन उसके बाद रिपोर्ट देने के लिए 2000 रुपये की मांग की गई। इस पूरी प्रक्रिया ने अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले में यह भी चर्चा है कि क्या डॉक्टर की भी इसमें संलिप्तता है? सूत्रों के मुताबिक, जो रकम मांगी गई है उसमें डॉक्टर तक हिस्सा पहुंचने की बात कही जा रही है। हालांकि, इस बात की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है।
कर्मचारियों की भूमिका
बताया जा रहा है कि निचले स्तर के कर्मचारियों द्वारा डॉ के कहने पर ही परिजनों से रुपये मांगे गए। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या यह पूरा खेल अस्पताल के भीतर सुनियोजित तरीके से चल रहा है या फिर यह कुछ कर्मचारियों की मनमानी है।इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है। अगर आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह न केवल स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल है, बल्कि आम जनता के भरोसे को भी ठेस पहुंचाने वाला मामला है।
मेडिकल सुविधा जहां लोगों की मदद के लिए होती है, वहीं इस तरह के मामलों से व्यवस्था की साख पर बट्टा लगता है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और दोषियों पर क्या कार्रवाई होती है। और जांच में क्या सामने आता हैं क्या ऐसे डॉ पर चिकित्सा विभाग कोई कार्यवाही करेगा या fir संरक्षण देगा..?



